बिलासपुर/कोटा 27 जून (आरएनएस) घोंघाडीह नाला के किनारे बिछी 52 पत्तों की महफिल उस वक्त तितर-बितर हो गई, जब कोटा पुलिस ने अचानक दबिश देकर जुए के खेल पर ऐसा शिकंजा कसा कि दांव लगाने वाले छह लोग सीधे सलाखों के रास्ते पहुंच गए। पुलिस ने मौके से 52 पत्ती ताश, बोरी की फट्टी और 16,550 रुपये नकद जब्त कर सभी आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 3(2) एवं बीएनएस की धारा 112 के तहत अपराध दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया।
पुलिस के मुताबिक, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देश पर चलाए जा रहे ‘चेतना विरुद्ध नशा एवं प्रहार अभियान’ के दौरान 27 जून को मुखबिर से सूचना मिली कि ग्राम घोंघाडीह नाला के पास कुछ लोग रुपये-पैसों का दांव लगाकर जुआ खेल रहे हैं। सूचना मिलते ही अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) मधुलिका सिंह और एसडीओपी नुपूर उपाध्याय के मार्गदर्शन में टीम गठित कर मौके पर दबिश दी गई। कार्रवाई में राजा रजक (32) निवासी पुरानी बस्ती कोटा, सूरज कश्यप (27) निवासी कपसिया कला, आदित्य बंजारे (19) निवासी कपसिया कला, नितेश साहू (26) निवासी फिरंगीपारा कोटा, सोमनाथ शर्मा (32) निवासी पुरानी बस्ती कोटा तथा कमलेश केंवट (35) निवासी ग्राम नेवरा को रंगे हाथों पकड़ लिया गया।
मौके से जुए में इस्तेमाल हो रही 52 पत्ती ताश, एक बोरी की फट्टी और 16,550 रुपये नकद जब्त किए गए। पुलिस ने संगठित रूप से जुआ खेलने के आरोप में सभी आरोपियों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई करते हुए न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया। इस कार्रवाई में प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षक आकाश चौधरी, प्रभारी उप निरीक्षक जय नागरे, प्रधान आरक्षक गजेंद्र सिंह, आरक्षक दीप सिंह कंवर तथा एसीसीयू टीम की अहम भूमिका रही।
बहरहाल, कोटा पुलिस का संदेश साफ है—किस्मत के पत्तों पर दांव लगाने वालों की बाजी अब कानून के हाथों पलट रही है।

