हरिद्वार,01 जुलाई(आरएनएस)। सरकारी नौकरी लगवाने का झांसा देकर युवक से 5.87 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। पीडि़त का आरोप है कि आरोपी ने सचिवालय में पहचान और संविदा पर नौकरी दिलाने का भरोसा देकर किस्तों में लाखों रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिए। जब नौकरी नहीं लगी और रुपये वापस मांगे गए तो आरोपी टालमटोल करने लगा। बुधवार को ज्वालापुर कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक राजलोक कॉलोनी ज्वालापुर निवासी विशाल उज्जवल ने शिकायत कर बताया कि 18 अक्तूबर 2024 को प्रेमनगर चौक पर उनकी मुलाकात दीपक सैनी पुत्र कालूराम, निवासी ग्राम रानी माजरा, थाना पथरी, से हुई थी।दोनों देहरादून जा रहे थे। बातचीत के दौरान दीपक सैनी ने स्वयं को सड़क निर्माण कार्य का ठेकेदार बताते हुए दावा किया कि उसकी देहरादून सचिवालय में अच्छी पहचान है और वह सरकारी व संविदा की नौकरी लगवा सकता है। उसने कई लोगों को नौकरी दिलाने का दावा करते हुए पीडि़त से संपर्क बनाए रखा। आरोप है कि आरोपी ने पहले नौकरी के लिए जरूरी दस्तावेज मंगवाए और फिर 50 हजार रुपये की मांग की। इसके बाद वह अलग-अलग बहाने बनाकर किस्तों में रुपये मांगता रहा। पीडि़त ने उसके झांसे में आकर गूगल पे के माध्यम से 5 लाख 87 हजार रुपये उसके खाते में भेज दिए। काफी समय बीतने के बाद भी नौकरी नहीं लगी तो उसने रुपये वापस मांगे, लेकिन आरोपी लगातार बहाने बनाता रहा। आरोप है कि पिछले करीब एक वर्ष से वह न तो रुपये लौटा रहा है और न ही मिलने के लिए तैयार हो रहा है। कोतवाली प्रभारी चंद्रभान सिंह अधिकारी ने बताया कि आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
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