नई दिल्ली ,17 जुलाई(आरएनएस)। सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को कर्नाटक में चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के पृष्ठभूमि में, जीबीए (ग्रेटर बेंगलुरु अथॉरिटी) के अंदर पांच नगर निगमों के लिए दिसंबर के आखिर तक चुनाव कराने के लिए समय देने पर सहमति जताई.
शुरू में, सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार को 30 जून, 2026 तक चुनाव पूरे करने का निर्देश दिया था, और बाद में समय बढ़ाने की अर्जी आने के बाद डेडलाइन 31 अगस्त, 2026 तक बढ़ा दी थी. शुक्रवार को यह मामला चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया सूर्यकांत की अगुवाई वाली पीठ के सामने सुनवाई के लिए आया, जिसमें जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी मोहना शामिल थे.
वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने कहा कि यह बेंगलुरु में 5 नगर निगमों के चुनावों से जुड़ा है. इसमें शामिल वकीलों ने राज्य में चल रहे एसआईआर को विस्तार मांगने का कारण बताया. राज्य चुनाव आयोग की तरफ से एक अधिवक्ता ने कहा कि उनके क्लाइंट ने भी इस मामले में एक आवेदन दिया है.
अधिवक्ता ने कहा कि सिर्फ चल रहे एसआईआर की वजह से 31 अगस्त की चुनाव की डेडलाइन पूरी नहीं हो सकती.
सिब्बल ने कहा कि इस साल नवंबर में मतदाता सूची को फाइनल कर दिया जाएगा. सिब्बल ने कहा, अगर हम इसे अगस्त में करते हैं, तो चुनाव आयोग का यह भी कहना है कि बहुत से लोग छूट जाएंगे…
पीठ को बताया गया कि राज्य चुनाव आयोग ने भी यही बात कहते हुए एक आवेदन दिया है. दलीलें सुनने के बाद, पीठ ने कहा कि कर्नाटक राज्य में एसआईआर की प्रक्रिया चल रही है और यह प्रक्रिया नवंबर में पूरी हो जाएगी.
सीजेआई ने कहा, यह निर्देश दिया जाता है कि सभी 5 नगर निमा के चुनाव, हर हाल में, दिसंबर, 2026 के महीने में कराए जाएं. सिब्बल ने कहा कि यह 31 दिसंबर, 2026 तक हो जाना चाहिए. ग्रेटर बेंगलुरु अथॉरिटी (जीबीए) ने बेंगलुरु में नई बनी पांच नगर निगमों के चुनाव कराने के लिए और समय मांगने के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है.
नई अर्जी में, ग्रेटर बेंगलुरु अथॉरिटी (जीबीए) ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि मतदाता सूची के चल रहे एसआईआर की वजह से जनशक्ति की कमी है और कठिन चुनौतियां हैं. यह अर्जी वरिष्ठ एडवोकेट आनंद संजय एम नूली के जरिए दाखिल की गई है.
कर्नाटक में चुनाव आयोग के चल रहे एसआईआर अभियान के बैकग्राउंड में, याचिका में ज़ोर दिया गया कि राज्य चुनाव आयोग द्वारा एक ही समय में अलग से संशोधन करना और नगर निगम चुनाव आयोजित करना व्यावहारिक रूप से कठिन है.
एसआईआर के तहत अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन 7 अक्टूबर, 2026 को तय है. ग्रेटर बेंगलुरु अथॉरिटी (जीबीए) ने सुप्रीम कोर्ट से अपने 20 मई, 2026 के आदेश में बदलाव करने और चुनाव कराने की डेडलाइन 31 दिसंबर, 2026 तक बढ़ाने की अपील की है.
ग्रेटर बेंगलुरु अथॉरिटी (जीबीए) ने कहा कि चुनाव आयोग के अभियान के साथ-साथ राज्य चुनाव आयोग की एसआईआर का संचालन करना, जबकि पांच निगमों के 369 वार्डों के चुनावों की तैयारी जारी है, व्यावहारिक रूप से अव्यवहारिक और तार्किक रूप से कठिन होगा.
इसमें इस बात पर जोर दिया गया कि स्टाफ जिसमें बूथ लेवल ऑफि़सर और सुपरवाइजरी ऑफ़सर शामिल हैं — वही लोग हैं जिनकी जरूरत इंटेंसिव रिवीजन और चुनाव दोनों के लिए है. पहले की बृहत बेंगलुरु महानगर पालिका का कार्यकाल सितंबर 2020 में खत्म हो गया था.
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