देहरादून,15 दिसंबर (आरएनएस)। सेवा संकल्प फाउंडेशन की अध्यक्ष एवं मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की पत्नी गीता धामी ने कहा कि बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा के साथ संस्कार, रचनात्मकता और आत्मविश्वास का समान महत्व है। उन्होंने कहा कि विद्यालयों की जिम्मेदारी केवल किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि बच्चों में जीवन मूल्यों का विकास भी उतना ही आवश्यक है। वे रविवार रात एन मैरी स्कूल के 40वें वार्षिकोत्सव में बतौर मुख्य अतिथि पहुंची थी। कार्यक्रम का शुभारंभ उन्होंने स्कूल की निदेशक अंकिता जोशी, सचिव जितेंद्र जोशी, उपाध्यक्ष अनुराधा जोशी के साथ दीप प्रज्जवलित कर किया। इसके बाद कक्षा एक से चार तक के विद्यार्थियों ने नृत्य, संगीत, नुक्कड़ नाटक, कठपुतली रंगमंच और भाषण कला के माध्यम से अपनी प्रतिभा का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। इस दौरानी गीता धामी ने दसवीं और बारहवीं में श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित भी किया। कार्यक्रम की खास बात ये रही कि मंच संचालन से लेकर प्रस्तुतियों और सभी तरह की व्यवस्थाएं नन्हें मुन्ने बच्चों ने ही संभाली थी। जिसमें किसी शिक्षक या कर्मचारी का कोई रोल नहीं था।
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

