कोलकाता 11 जनवरी (आरएनएस)। कॉलेज स्क्वायर इलाके में तब हड़कंप मच गया जब एक बुजुर्ग अमिताभ दे (62) को रहस्यमय परिस्थितियों में मृत पाया गया। अमहस्र्ट स्ट्रीट थाने की पुलिस ने बुजुर्ग का शव उनके घर का दरवाज़ा तोड़कर बरामद किया। बुजुर्ग व्यक्ति के शरीर के निचले हिस्से पर कोई कपड़ा नहीं था और चोट के कोई निशान नहीं मिले। पुलिस सूत्रों के अनुसार, अमिताभ दे का शव उनके ड्राइंग रूम में अर्धनग्न अवस्था में मिला। तीन दिन से अधिक समय तक चाचा से संपर्क न हो पाने पर भतीजे ने पुलिस को सूचना दी। तब पुलिस ने दरवाजा तोड़कर शव को बरामद किया, जिसके निचले हिस्से पर कोई वस्त्र नहीं थे। अमिताभ दे चिंतामणि दास लेन में एक दो मंजिला घर में अकेले रहते थे।बुजुर्ग व्यक्ति के भतीजे, देबाशीष दे ने पुलिस को बताया कि उन्होंने आखिरी बार 7 जनवरी को अमिताभ दे से बात की थी। शनिवार से कई बार फोन करने के बावजूद, बुजुर्ग व्यक्ति ने फोन नहीं उठाया। देबाशीष घर भी गए और बाहर से बार-बार उन्हें आवाज़ दी। हालांकि, घर से कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर, अमहस्र्ट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन के अधिकारी मौके पर पहुंचे और दरवाजा तोड़ा। शव की हालत और जिस परिस्थिति में वह मिला, उससे अधिकारियों के मन में कई सवाल उठ रहे हैं।
प्रारंभिक रिपोर्टों से पता चलता है कि जबरन प्रवेश या हाथापाई के तत्काल कोई संकेत नहीं थे, लेकिन शव की अर्धनग्न अवस्था ने मामले में संदेह का एक और पहलू जोड़ दिया है। उसके भतीजे ने पुलिस को बताया कि कुछ दिन पहले हुई उनकी आखिरी बातचीत के दौरान सब कुछ सामान्य लग रहा था। पुलिस अब उसके कॉल रिकॉर्ड की जांच कर रही है और पड़ोसियों से बात कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि 7 जनवरी से शव मिलने के समय के बीच कोई घर आया था या नहीं। फिलहाल पुलिस ने अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। अगर पोस्टमार्टम रिपोर्ट में किसी तरह की शारीरिक चोट या जहर के संकेत मिलते हैं, तो कोलकाता पुलिस के हत्या विभाग के जासूसों को भी बुलाया जा सकता है। फिलहाल घर को सील कर दिया गया है और फॉरेंसिक विशेषज्ञों के घटनास्थल पर जाकर नमूने एकत्र करने की उम्मीद है, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि यह अचानक हुई चिकित्सा विफलता का मामला था या सुनियोजित अपरा
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