नई दिल्ली 16 march, (Rns): अगर आप भी टैक्सपेयर हैं और आपको हाल ही में इनकम टैक्स डिपार्टमेंट की तरफ से ‘महत्वपूर्ण लेनदेन’ (High Value Transactions) को लेकर कोई ईमेल मिला है, तो घबराने की बिल्कुल जरूरत नहीं है। दरअसल, आयकर विभाग की ओर से कई करदाताओं को गलत जानकारी वाले ईमेल भेज दिए गए थे, जिससे लोगों में हड़कंप मच गया। अब इस पूरे मामले में इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने खुद सामने आकर स्थिति स्पष्ट की है। विभाग ने अपनी इस बड़ी तकनीकी चूक को स्वीकार करते हुए शनिवार को सोशल मीडिया पर एक आधिकारिक पोस्ट के जरिए टैक्सपेयर्स से माफी मांगी है।
विभाग ने मानी तकनीकी गलती, असुविधा के लिए जताया खेद
इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने अपने ऑफिशियल अकाउंट पर पोस्ट करते हुए बताया कि उनके संज्ञान में यह बात आई है कि असेसमेंट ईयर 2026-27 (वित्तीय वर्ष 2025-26) के लिए चल रहे एडवांस टैक्स ई-कैंपेन के तहत कई टैक्सपेयर्स को गलत जानकारी वाले ईमेल मिल गए हैं। विभाग ने इस चूक को सामने लाने के लिए करदाताओं का धन्यवाद किया और इस वजह से हुई भारी असुविधा के लिए खेद प्रकट किया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि वह अपने सर्विस प्रोवाइडर के साथ मिलकर इस तकनीकी खामी को जल्द से जल्द सुलझाने के लिए पूरी सक्रियता से काम कर रहा है ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति पैदा न हो।
पुराने ईमेल को इग्नोर करने की अपील, बताया क्यों भेजे गए थे मैसेज
इस स्पष्टीकरण के साथ ही इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने सभी टैक्सपेयर्स से अपील की है कि वे असेसमेंट ईयर 2026-27 के लिए एडवांस टैक्स से जुड़े उन पुराने ईमेल को पूरी तरह से नजरअंदाज (इग्नोर) कर दें। विभाग ने बताया कि ये ईमेल दरअसल किसी कार्रवाई के लिए नहीं, बल्कि पूरी तरह से एक सुविधा और रिमाइंडर के तौर पर भेजे गए थे। इसका मुख्य उद्देश्य यह था कि टैक्सपेयर्स कंप्लायंस पोर्टल पर उपलब्ध अपनी वित्तीय जानकारी की ठीक से समीक्षा कर सकें और जहां भी जरूरी हो, वहां सही समय पर उचित एडवांस टैक्स नियमों का पालन सुनिश्चित कर सकें।
टैक्सपेयर्स अब क्या करें? विभाग ने दी ये अहम सलाह
गलत ईमेल मिलने के बाद उपजे भ्रम को दूर करते हुए आयकर विभाग ने करदाताओं को एक बेहद अहम सलाह भी दी है। विभाग ने कहा है कि ईमेल पर आंख मूंदकर भरोसा करने के बजाय टैक्सपेयर्स सीधे कंप्लायंस पोर्टल पर जाएं। करदाता ई-फाइलिंग पोर्टल के जरिए कंप्लायंस पोर्टल पर लॉग इन कर सकते हैं और वहां मौजूद ‘ई-कैंपेन’ (e-campaign) टैब पर क्लिक करके अपने लेनदेन के सही और सटीक विवरण को खुद सत्यापित (Verify) कर सकते हैं। इससे किसी भी तरह की विसंगति या पेनाल्टी से बचा जा सकेगा।

