नईदिल्ली,25 अपै्रल (आरएनएस)। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद के एक्स मुस्लिम यूट्यूबर सलीम वास्तिक को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उस पर 31 साल पहले एक कारोबारी के 13 वर्षीय बेटे की हत्या करने का आरोप है। इस मामले में सलीम जेल भी गया था, लेकिन जमानत मिलने के बाद पुलिस को चकमा देता रहा। सलीम हाल ही में विवादित बयानों, खुद पर हुए हमले और यूट्यूब वीडियोज के कारण चर्चा में रहा है।
पुलिस के अनुसार, यह मामला साल 1995 का है। तब सलीम दिल्ली के एक स्कूल में मार्शल आर्ट की ट्रेनिंग देता था। 20 जनवरी, 1995 को उसने स्कूल में पढऩे वाले कारोबारी के 13 साल के बेटे का अपहरण कर लिया था और परिवार से फिरौती मांगी थी। बाद में सलीम ने बच्चे की हत्या कर दी थी। इस मामले में सलीम और उसके साथ के खिलाफ दिल्ली के गोकलपुरी थाने में अपहरण, रंगदारी, हत्या का मामला दर्ज है।
1997 में कोर्ट ने सलीम खान (सलीम वास्तिक) और उसके साथी अनिल को उम्रकैद की सजा सुनाई थी। 3 साल बाद यानी 2000 में उसे अंतरिम जमानत मिल गई। इसके बाद सलीम फरार हो गया और कई सालों से पुलिस की गिरफ्त से बाहर रहा। इस दौरान वह शामली, मुजफ्फरनगर, मेरठ और गाजियाबाद में छिपकर रहता रहा। गाजियाबाद पुलिस कमिश्नर रविंद्र गौड़ ने बताया कि दिल्ली पुलिस की आज सुबह सलीम के घर पहुंची और उसे अपने साथ ले गई।
27 फरवरी को सलीम पर जानलेवा हमला हुआ था। एक बाइक पर आए 2 हमलावरों ने सलीम पर चाकू से ताबड़तोड़ हमले किए थे, जिसका वीडियो भी सामने आया था। हमलावरों सलीम का गला रेतने की कोशिश की थी। इस घटना में सलीम को 14 चाकू लगे थे और वो गंभीर तौर पर घायल हो गया था। करीब एक महीने तक दिल्ली में उसका इलाज हुआ था। बाद में पुलिस ने एनकाउंटर में दोनों आरोपियों को मार गिराया था।
सलीम मूल रूप से शामली का रहने वाला है। 7 साल पहले उसने इस्लाम धर्म छोड़ दिया और अपने नाम के साथ ‘वास्तिक’ जोड़ लिया। इसके बाद वो एक्स मुस्लिम बनकर अलग-अलग टीवी चैनलों में धार्मिक डिबेट में शामिल होता रहा। उसने अपना यूट्यूब चैनल ‘सलीम वास्तिक 0007’ भी बनाया और इस्लाम व मदरसों की शिक्षा पर सवाल उठाने लगा। सलीम पर हुए हमले के पीछे भी यही वजह सामने आई थी।
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