प्रयागराज 20 मार्च (आरएनएस)। प्रमोद तिवारी, सांसद, उप नेता विरोधी दल, राज्य सभा ने कहा है कि मोदी सरकार जनता के प्रति अपने कर्तव्य पालन में पूरी तरह विफल हो गयी है, और जमाखोरी एवं मुनाफाखोरी की इन्तहां कर दी है। अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 110 से 120 डॉलर प्रति बैरल के बींच मंडरा रही है और पेट्रोलियम पर युद्ध का अभी कोई असर भी नहीं पड़ा है किन्तु फिर भी केन्द्र सरकार ने 2/ रुपये प्रति लीटर प्रीमियम पेट्रोल की कीमत बढ़ा दिया है।
श्री तिवारी ने केन्द्र सरकार से सवाल करते हुये कहा है कि यदि यही दाम कोई डीलर बढ़ाया होता तो उसे चोर बाजारी करने वाला, मुनाफाखोरी करने वाला और अवसरवादी कहा जाता। किन्तु जब यही काम मोदी सरकार कर रही तो उसे भी अवसरवादी और मुनाफाखोर कहा जाना चाहिए।
श्री तिवारी ने कहा है कि जब अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत घट कर लगभग 60 डॉलर प्रति बैरल हो गयी थी, तब तो सरकार ने कीमत कम नहीं की थी, विक्री का दाम नहीं घटाया था और डीजल पेट्रोल उसी दाम पर बेंचा जा रहा था, और 26 से 30 लाख करोड़ से अधिक का मुनाफा कमाकर केन्द्र सरकार ने कहा था कि हमने ऐसा इसलिये किया है ताकि इस धनराशि से हम पुराना घाटा पूरा कर सकें, और आगे की स्थिति से निपटने के लिये तैयार रहें।
श्री तिवारी ने जोर देते हुये कहा है कि आज केन्द्र सरकार ने मुनाफाखोरी करते हुये जो दाम बढ़ाये हैं वह मुनाफाखोरी और अवसरवादिता हैं उसकी मैं कड़े शब्दों में निन्दा व भत्र्सना करता हूँ, और जनहित में इसे तत्काल वापस लिया जाना चाहिए।

