देहरादून, 28 मार्च (आरएनएस)। संयुक्त नागरिक संगठन की ओर से रेसकोर्स में ‘घरेलू गैस की किल्लत के मूल कारण और भारतीय विदेश नीतिÓ विषय पर आयोजित संवाद में प्रबुद्ध नागरिकों ने वर्तमान गैस संकट के लिए वैश्विक परिस्थितियों को जिम्मेदार ठहराया। वक्ताओं ने कहा कि अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर थोपे गए युद्ध और रूस पर लगाए गए प्रतिबंधों की तपिश अब आम आदमी की रसोई तक पहुंच चुकी है। संवाद में नागरिकों ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की टैरिफ नीतियों और रूसी तेल आयात पर पाबंदियों की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए इसे ‘हिटलरशाहीÓ करार दिया। उन्होंने भारत द्वारा रूस से 6 करोड़ बैरल तेल खरीदने के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि भारत को गुटनिरपेक्ष शक्ति के रूप में विश्व शांति के लिए आवाज उठानी चाहिए। इस दौरान मौजूद क्षेत्रीय खाद्य एवं आपूर्ति अधिकारी संतोष भट्ट ने बताया कि जिले में 90 हजार घरेलू सिलेंडरों के बैकलॉग को तेजी से कम किया जा रहा है। वर्तमान में रोजाना 17 हजार सिलेंडरों की आपूर्ति हो रही है, जिससे ऑनलाइन बुकिंग के 4-5 दिन के भीतर गैस मिल रही है। इस मौके पर दिनेश भंडारी, ब्रिगेडियर केजी बहल, प्रदीप कुकरेती और सुशील त्यागी सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
0
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

