लखनऊ 15 अप्रैल (आरएनएस ),उत्तर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में 16 से 18 अप्रैल, 2026 तक आयोजित होने वाले विशेष संसद सत्र के दृष्टिगत नारी शक्ति वंदन अधिनियम के प्रचार-प्रसार के लिए संस्कृति विभाग के अधिकारियों तथा अधीनस्थ अकादमियों को आवश्यक निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि यह अधिनियम समता, समानता एवं नारी सशक्तिकरण की दिशा में अत्यंत ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण है।पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री ने बताया कि 10 अप्रैल से 20 अप्रैल, 2026 तक पूरे प्रदेश में इस अधिनियम के संबंध में व्यापक प्रचार अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अनुपालन में संस्कृति विभाग द्वारा प्रदेश भर में कला आधारित जनजागरण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें रेत कला, नुक्कड़ नाटक, चित्रकला, लोकगीत तथा अन्य स्थानीय कला विधाओं के माध्यम से जागरूकता बढ़ाई जाएगी।उन्होंने बताया कि इस अभियान के अंतर्गत विभाग की संस्थाओं को निर्धारित अवधि में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके तहत भातखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय, लखनऊ द्वारा नारी शक्ति वंदन विषय पर हस्ताक्षर अभियान तथा नारी स्वावलम्बन विषय पर चलचित्र निर्माण कराया जाएगा। इसी प्रकार राज्य ललित कला अकादमी, लखनऊ द्वारा महिला कलाकारों के सहयोग से नारी स्वावलम्बन विषय पर आधारित रेत कला एवं चित्रकला कार्यशालाओं का आयोजन किया जाएगा।
पर्यटन मंत्री ने बताया कि भारतेन्दु नाटक अकादमी, लखनऊ द्वारा नारी सशक्तिकरण एवं नारी स्वावलम्बन विषय पर नुक्कड़ नाटक तथा कार्यशालाओं का आयोजन किया जाएगा। इसी प्रकार उत्तर प्रदेश संगीत नाटक अकादमी, लखनऊ द्वारा संगीत की विभिन्न विधाओं के माध्यम से नारी शक्ति वंदन अधिनियम के समर्थन में सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि उत्तर प्रदेश लोक एवं जनजाति संस्कृति संस्थान, लखनऊ द्वारा लोक संगीत की विभिन्न विधाओं पर आधारित सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त अंतर्राष्ट्रीय रामायण एवं वैदिक शोध संस्थान, अयोध्या द्वारा रामायण के नारी चरित्रों पर आधारित सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन तथा लघु दृश्य सामग्री का निर्माण कराया जाएगा।उन्होंने बताया कि व्यापक प्रचार-प्रसार अभियान को प्रभावी बनाने के लिए संस्कृति विभाग के अधीन सभी संस्थाओं को आवश्यक शासनादेश जारी कर दिए गए हैं तथा संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि जारी निर्देशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित किया जाए।
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