जशपुर, 16 अप्रैल (आरएनएस) ऑपरेशन शंखनाद के तहत जशपुर पुलिस ने एक बार फिर गौ तस्करों की कमर तोड़ दी जब नेशनल हाइवे 43 पर फिल्मी अंदाज में पीछा कर 9 गौवंशों को मौत के मुंह से बचाया गया और एक आदतन तस्कर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। पूरा मामला थाना लोदाम क्षेत्र का है जहां 14 अप्रैल को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिलती है कि एक सफेद पिकअप वाहन JH-01-FP-3193 में ठूंस-ठूंसकर गौवंशों को भरकर झारखंड ले जाया जा रहा है, सूचना मिलते ही पुलिस टीम एक्टिव होती है, वरिष्ठ अधिकारियों को अलर्ट किया जाता है और पतराटोली की ओर घेराबंदी शुरू होती है, तभी संदिग्ध पिकअप तेज रफ्तार में नजर आती है, पुलिस रुकने का इशारा करती है लेकिन चालक गाड़ी भगाने लगता है, शुरू होता है हाईवे पर पीछा, दबाव बढ़ता देख भलमंडा तिराहा के पास चालक गाड़ी छोड़कर जंगल की आड़ लेकर फरार हो जाता है, पुलिस मौके पर पहुंचती है तो अंदर का दृश्य चौंकाने वाला होता है—पिकअप में 9 गौवंशों को बेरहमी से ठूंसकर भरा गया था, तत्काल सभी पशुओं को सुरक्षित बाहर निकाला जाता है और वाहन जब्त किया जाता है, जांच के दौरान आरोपी की पहचान इमरान खान पिता मुस्तकिम खान, उम्र 28 वर्ष निवासी साईं टांगर टोली के रूप में होती है, जो पहले से ही गौ तस्करी और चोरी के कई मामलों में लिप्त आदतन अपराधी है, पुलिस सर्च ऑपरेशन चलाकर उसे पकड़ती है, पूछताछ में वह जुर्म कबूल करता है, पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर उसके खिलाफ छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11(1)(क)(घ) के तहत मामला दर्ज कर 15 अप्रैल को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया जाता है, इस कार्रवाई में थाना प्रभारी कृष्ण कुमार साहू सहित पूरी टीम की अहम भूमिका रही, गौरतलब है कि जशपुर पुलिस पिछले दो हफ्तों में लगातार कार्रवाई करते हुए जिले के अलग-अलग क्षेत्रों से 82 गौवंशों को तस्करों के चंगुल से मुक्त करा चुकी है, 8 तस्करों को गिरफ्तार कर 2 पिकअप और 1 ट्रक जब्त कर चुकी है, डीआईजी एवं एसएसपी डॉ लाल उमेद सिंह ने साफ चेतावनी दी है कि गौ तस्करी में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और ऑपरेशन शंखनाद लगातार जारी रहेगा।

