रायपुर 23 अप्रैल (आरएनएस) मध्य ज़ोन में आधी रात को पुलिस ने ऐसा ऑपरेशन चलाया कि शहर के अपराधियों में हड़कंप मच गया और कई फरार आरोपी सीधे गिरफ्त में आ गए, 22-23 अप्रैल की दरम्यानी रात पुलिस कमिश्नरेट ने अपराध पर शिकंजा कसने के लिए सघन कॉम्बिंग गश्त अभियान शुरू किया, डीसीपी सेंट्रल ज़ोन उमेश प्रसाद गुप्ता के नेतृत्व में एडिशनल डीसीपी तारकेश्वर पटेल, एसीपी दीपक मिश्रा, एसीपी रमाकांत और थाना प्रभारियों की टीम ने पूरी रणनीति के साथ मैदान संभाला, पुलिस लाइन में पहले ही 150 जवानों की फोर्स के साथ ब्रीफिंग की गई और करीब 10 टीमें बनाकर शहर के संवेदनशील इलाकों को चिन्हित किया गया, ड्रोन कैमरों की मदद से निगरानी बढ़ाई गई, इलाके को चारों तरफ से सील कर कॉर्डन एंड सर्च ऑपरेशन शुरू हुआ, वारंटियों और फरार आरोपियों के घरों में डोर-टू-डोर तलाशी ली गई, संभावित भागने के रास्तों पर नाके लगाकर सघन चेकिंग की गई, इस ताबड़तोड़ कार्रवाई में कुल 11 स्थायी वारंट और 9 गिरफ्तारी वारंट तामील किए गए और 20 वारंटी गिरफ्तार किए गए, वहीं नशे के खिलाफ भी बड़ा एक्शन देखने को मिला जहां एनडीपीएस एक्ट के तहत 2 अलग-अलग प्रकरण दर्ज किए गए, एक कार्रवाई देवार डेरा क्षेत्र में और दूसरी गोलबाजार थाना क्षेत्र के बंजारी बाबा मस्जिद के पास हुई, इसके अलावा आर्म्स एक्ट के तहत 1 बदमाश पर केस दर्ज किया गया, सार्वजनिक स्थानों पर नशाखोरी और उपद्रव करने वाले 32 संदिग्धों पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई, पुलिस यहीं नहीं रुकी बल्कि लगभग 70 हिस्ट्रीशीटर और 85 पुराने चोरों व चाकूबाजों यानी कुल 155 अपराधियों के घरों पर अचानक दबिश देकर उनकी चेकिंग की गई, इस पूरे ऑपरेशन में 55 से अधिक अपराधियों के खिलाफ गिरफ्तारी और कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की गई जिससे अपराधियों में साफ तौर पर डर का माहौल बना और आम लोगों में सुरक्षा की भावना मजबूत हुई ।


