रतलाम 29 मई (आरएनएस)। जमीनी विवाद में सुनवाई नहीं होने से परेशान एक युवक ने शुक्रवार दोपहर रतलाम कलेक्ट्रेट में अपने ऊपर पेट्रोल डाल लिया। घटना से कलेक्ट्रेट परिसर में हड़कंप मच गया। मौके पर मौजूद कर्मचारियों ने तुरंत युवक को पकड़ लिया। कलेक्टर मिशा सिंह ने युवक से उसकी समस्या पूछी और संबंधित अधिकारियों को बुलाकर मामले की जानकारी ली। बाद में युवक को पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया।
युवक की पहचान नामली निवासी रमेश कुमावत के रूप में हुई है। घटना शुक्रवार दोपहर करीब 2 बजे की है। बताया जा रहा है कि जब कलेक्टर मिशा सिंह अपने चैंबर से बाहर निकल रही थीं, तभी रमेश कुमावत ने अपने ऊपर पेट्रोल डाल लिया। हंगामा मचते ही कर्मचारियों ने उसे पकड़ लिया और बड़ा हादसा टल गया।
इसके बाद कलेक्टर वापस अपने चैंबर पहुंचीं और कर्मचारियों के जरिए युवक को बुलाकर उसकी समस्या सुनी। रमेश ने बताया कि वह लंबे समय से शिकायत लेकर अधिकारियों के चक्कर काट रहा है, लेकिन उसकी सुनवाई नहीं हो रही।
कलेक्टर ने रतलाम ग्रामीण एसडीएम विवेक सोनकर और तहसीलदार आशीष उपाध्याय को बुलाकर मामले की जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि युवक की शिकायत जमीन संबंधी विवाद से जुड़ी है, जिसका प्रकरण रतलाम ग्रामीण एसडीएम कोर्ट में विचाराधीन है।
बाद में स्टेशन रोड थाना पुलिस को सूचना दी गई। सब इंस्पेक्टर मुकेश सस्तिया पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और युवक को कलेक्ट्रेट से रतलाम ग्रामीण एसडीएम कार्यालय ले गए, जहां उसके बयान दर्ज किए गए।
रमेश कुमावत अपने साथ एक थैले में शिकायतों का पुलिंदा लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचा था। थैला शिकायत संबंधी आवेदनों से भरा हुआ था। रमेश का आरोप है कि उसकी जमीन के मामले में पिछले 6 वर्षों से सुनवाई नहीं हो रही है। उसका कहना है कि न तो एसडीएम उसकी बात सुन रहे हैं और न ही तहसीलदार और पटवारी कोई कार्रवाई कर रहे हैं।
रमेश के मुताबिक 10 बीघा जमीन उसके दादाजी के नाम थी। उसने आरोप लगाया कि वर्ष 1978 में पटवारी को रिश्वत नहीं देने पर जमीन को सरकारी घोषित कर दिया गया। बाद में करीब ढाई बीघा जमीन बिजली कंपनी के लिए अधिग्रहित कर ली गई। रमेश का कहना है कि इस मामले में पहले उसके दादाजी और पिता भी लड़ाई लड़ते रहे, अब वह खुद न्याय के लिए भटक रहा है।
रमेश के अनुसार वह सीएम हेल्पलाइन से लेकर कलेक्टर कार्यालय तक कई बार शिकायत कर चुका है, लेकिन अब तक उसकी सुनवाई नहीं हुई। युवक विवादित 10 बीघा जमीन अपने नाम दर्ज कराने की मांग कर रहा है।
अधिकारियों के अनुसार युवक अपनी पूरी जमीन पहले ही बेच चुका है। अब वह अतिरिक्त भूमि अपने नाम दर्ज कराने की मांग कर रहा है। पूरा मामला रतलाम ग्रामीण एसडीएम कार्यालय में विचाराधीन है। शुक्रवार दोपहर 3 बजे इस प्रकरण में एसडीएम कोर्ट में सुनवाई निर्धारित थी, लेकिन उससे पहले ही युवक कलेक्ट्रेट पहुंच गया और उसने अपने ऊपर पेट्रोल डाल लिया।
रतलाम ग्रामीण एसडीएम विवेक सोनकर ने बताया कि आवेदक का प्रकरण दो दिन पहले ही उनके पास आया था, जिसकी शुक्रवार दोपहर को सुनवाई होना तय थी। युवक विवादित जमीन अपने नाम दर्ज कराने की मांग कर रहा है। मामला सिविल प्रकृति का है। सुनवाई से पहले उसने कलेक्ट्रेट पहुंचकर खुद पर ज्वलनशील पदार्थ डाल लिया, लेकिन समय रहते उसे रोक लिया गया। मामले में नियमानुसार कार्रवाई जारी है।

