बलौदाबाजार 30 मई (आरएनएस) शहर में लगातार हो रही सबमर्सिबल पंप और मोटरसाइकिल चोरी की वारदातों से लोगों की नींद उड़ी हुई थी, लेकिन चोरों को शायद अंदाजा नहीं था कि हर कदम कैमरों में कैद हो रहा है। आखिरकार सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना ने उस गैंग का पर्दाफाश कर दिया, जो रात के अंधेरे में शहरभर में घूम-घूमकर रेकी करता था और मौका मिलते ही सार्वजनिक बोर, सबमर्सिबल पंप, केबल वायर और मोटरसाइकिल पर हाथ साफ कर देता था। बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक युवक समेत विधि से संघर्षरत दो बालकों को गिरफ्तार कर चोरी की सिलसिलेवार पांच वारदातों का खुलासा किया है। आरोपियों के कब्जे से करीब एक लाख रुपये मूल्य के तीन सबमर्सिबल पंप, केबल वायर और एक मोटरसाइकिल बरामद की गई है।
मामले की शुरुआत तब हुई जब पुरानी बस्ती बलौदाबाजार निवासी विशाल पांडेय (55 वर्ष) ने सिटी कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई कि 19 और 20 अप्रैल 2026 की दरम्यानी रात सिंधी कॉलोनी नहर पार स्थित उनके सबमर्सिबल पंप और केबल वायर को अज्ञात चोर चोरी कर ले गए। जांच आगे बढ़ी तो सामने आया कि अप्रैल और मई महीने के दौरान गौरव पथ रोड स्थित शिव मंदिर के सामने सार्वजनिक बोर, अंबेडकर भवन सिविल लाइन में लगे सबमर्सिबल के केबल वायर, परसाभदेर रोड स्थित दामोदर बाड़ा के पास सार्वजनिक बोर और उसके केबल वायर तथा श्रीराम फाइनेंस के सामने खड़ी मोटरसाइकिल चोरी सहित कुल पांच घटनाएं एक ही पैटर्न पर अंजाम दी गई थीं। पुलिस ने सभी मामलों में धारा 303(2) और 3(5) बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की।
पुलिस अधीक्षक ओ.पी. शर्मा के निर्देशन में सिटी कोतवाली पुलिस ने विशेष अभियान चलाया। घटनास्थलों के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई। फुटेज में तीन संदिग्ध अलग-अलग स्थानों पर घूमते और रेकी करते दिखाई दिए। पुलिस ने इन्हीं सुरागों को आधार बनाकर संदिग्धों की पहचान की और तकनीकी साक्ष्यों व मुखबिर की सूचना के आधार पर तीनों को हिरासत में ले लिया। पूछताछ में आरोपियों ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों से सबमर्सिबल पंप, केबल वायर और मोटरसाइकिल चोरी करना स्वीकार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों में अजय पटेल (22 वर्ष) निवासी पहंदा रोड साहू धर्मशाला के पास, थाना सिटी कोतवाली बलौदाबाजार तथा विधि से संघर्षरत दो बालक शामिल हैं। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने चोरी का तीन सबमर्सिबल पंप, केबल वायर और एक मोटरसाइकिल बरामद की। बरामद सामान की कुल कीमत लगभग एक लाख रुपये बताई गई है। पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय और किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
बहरहाल, यह मामला एक बार फिर साबित करता है कि अपराधी चाहे कितनी भी चालाकी से वारदात करें, लेकिन कैमरों की नजर और पुलिस की सतर्कता से बच पाना आसान नहीं है। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि अपने वाहन और कृषि उपकरणों की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें।

