गोसाईंगंज-अयोध्या 8 जून (आरएनएस)। पौराणिक स्थल श्रृंगी ऋषि आश्रम के पास कल कल कर बहती सरयू की धारा में स्नान करना अपनी जान को जोखिम में डालना हो गया है। इस जलधारा में अब मगरमच्छों का साम्राज्य हो गया है जिससे श्रद्धालु स्नान करने में हिचकने लगे है। सोमवार की सुबह सरयू नदी में एक विशाल मगरमच्छ दिखाई पड़ा। मगरमच्छ को देखकर स्नान कर रहे श्रद्धालु भयभीत हो गए और घाट छोड़कर भाग गए। इस घटना के बाद लोगो ने सुरक्षा दीवार व जाली लगाने की मांग करने लगे ताकि श्रद्धालु सुरक्षित स्नान कर सके।
आश्रम के महंत महेंद्र दास गोस्वामी ने बताया कि सरयू नदी के आसपास आये दिन मगरमच्छ दिखाई देते है।अभी हाल ही में सुजानपुर में एक कुत्ते को शिकार बना लिया था। महंत ने बताया कि सरयू का जलस्तर बढऩे के कारण जलीय जीव घाट तक आ रहे है।संतो ने बताया कि इस आश्रम का महत्व रामायणकालीन समय से है और श्रद्धालुओ के आस्था का प्रमुख केंद्र है। यंहा चौत्र रामनवमी,गुरु पूर्णिमा,सावन मेला,शरद पूर्णिमा,कार्तिक पूर्णिमा व मकर संक्रांति जैसे पर्वो पर लाखों श्रद्धालुओ की भीड होती है। श्रद्धालु आश्रम के सन्निकट सरयू नदी में स्नान ध्यान कर श्रृंगी ऋषि,माता शांता व तमाम मंदिरों में पूजन अर्चन करते है।वर्तमान में घाट पर सुरक्षा का कोई प्रबंध नही है,ना कोई जाली लगी है और ना ही कोई दीवार बनी है।मुंडन और तर्पण के दौरान पानी मे उतरना उनकी मजबूरी होती है।गजेंद्र पांडे,सन्तोष यादव,फूल सिंह,रवि सिंह,दिलीप सिंह आदि लोगो ने वन विभाग के अधिकारी एसके सिंह से मिलकर मांग किया कि तत्काल जाली लगवाया जाय।अधिकारी ने जल्द ही सुरक्षा व्यवस्था करने का आश्वासन दिया।
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