अयोध्या 17 जून (आरएनएस )। कैण्ट थाना क्षेत्र के समीप स्थित जयपुरिया स्कूल के वार्षिक उत्सव में शामिल होने आये कक्षा नौ के छात्र रेहान से मामूली कहासुनी के दौरान मारपीट करने एवं जान से मारने की धमकी देने के मामले में स्कूल के छात्र आयुष मिश्र व तीन बाहरी हमलावरों समेत चार आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश पारित किया गया है। यह आदेश प्रथम अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सतीश कुमार मगन ने सुनवाई के पश्चात दिया है। इसके पहले पीडि़त छात्र के पिता खलीक अहमद खान के पक्ष से वरिष्ठ अधिवक्ता एखलाक अहमद, अनूप कनौजिया, श्रवण कुमार यादव व मोहम्मद रईस ने जयपुरिया स्कूल के कक्षा बारह के छात्र आयुष मिश्रा पुत्र संतोष मिश्रा व इनके तीन बाहरी दोस्तो रौनक गुप्ता, अरमान सिद्दीकी व युग के विरूद्ध सम्बन्धित न्यायालय में धारा न्यायालय में बीएनएसएस की धारा 173(4) के अन्तर्गत प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर बहस किया। न्यायालय में प्रस्तुत प्रार्थना पत्र के मुताबिक कैण्ट थानान्तर्गत सहादतगंज मिर्जापुर निवासी खलीक अहमद खान का पुत्र रेहान जो जयपुरिया स्कूल का कक्षा नौ का छात्र है। 29 दिसम्बर 2025 की सांस सवा चार बजे प्रार्थी का पुत्र रेहान अपने स्कूल के वार्षिक उत्सव में शामिल हुआ था। इसी बीच मामूली कहासुनी के बाद कक्षा बारह के छात्र आयुष पुत्र संतोष मिश्र अपने बाहरी दोस्तों अरमान सिद्दीकी, रौनक गुप्ता व युग ने मिलकर रेहान को मारपीट कर गम्ीाीर रूप से जख्मी कर दिया गया। घटना की जानकारी छात्र रेहान ने अपने भाई अफ्फान को फोन से की गयी थी कि मुझको घर ले चलो वो लोग गेट पर खड़े है निकले नहीं दे रहे हैं। मुझको और मारेंगे। जैसे ही अफ्फान अपने भाई को लेने स्कूल गेट पर पहुंचा तो छात्र आयुष ने ललकारते हुये कहा कि यह रेहान का भाई है इसको भी मारो। इसी बीच छात्र आयुष उसके बाहरी साथियों ने मिलकर उस पर भी हमला कर दिया और छात्र रेहान के भाई अफ्फान को बुरी तरह मारापीटा अपशब्दों का प्रयोग करते हुये उसे जान से मारने की धमकी दिया। इस मौके पर मौजूद लोगों ने बीच बचाव कराया। हमलावरों के मारने के कारण छात्र रेहान व उसके भाई अफ्फान अहमद के सिर व कमर ,पैर में गम्भीर चोंटे आयी है घटना की सूचना छात्र रेहान के पिता ने घटना की सूचना कैण्ट थाना में उसी दिन दिया। पुलिीस द्वारा कोई कार्यवाही न करने पर घटना की सूचना वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को 1 जनवरी 2026 को जरिये स्पीड पोस्ट दिया गया। वहां से भी कार्यवाही न होने पर पीडि़त पक्ष द्वारा 15 अप्रैल 2026 को पुलिस महानिरीक्षक को भी पत्र देकर हमलावरों के विरूद्ध मुकदमा दर्ज करने की गुहार की गयी। वहां भी न्याय न मिलने पर पीडि़त पक्ष ने जरिये अधिवक्ता सम्बन्धित कोर्ट में मुकदमा दर्ज करने की अर्जी प्रस्तुत किया।
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

