मुख्य धाम बाबा भूमणशाह में आयोजित योग शिविर में बतौर मुख्यातिथि पहुंचे सीएम
बाबा ब्रह्मदास महाराज ने बुक्के भेंट कर किया स्वागत
सिरसा 19 जून (आरएनएस)। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य पर मुख्य धाम बाबा भूमणशाह महाराज के पावन दरबार में गद्दीनशीन बाबा ब्रह्मदास महाराज के पावन सान्निध्य में योग शिविर आयोजित किया गया। डेरे के सेवक सचिव विनोद एडवोकेट ने बताया कि इस पावन अवसर पर हरियाणा के यशस्वी मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। सर्वप्रथम मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बाबा भूमणशाह पूजा स्तंभ पर माथा टेका। इसके बाद मुख्यमंत्री ने जलपान किया। योग शिविर में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि आज पूरे देश के लिए गर्व का विषय है कि भारत की प्राचीन योग परंपरा को पूरी दुनिया ने अपनाया है। वर्ष 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने योग को वैश्विक पहचान दिलाने के लिए संयुक्त राष्ट्र (यूएनओ) में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस का प्रस्ताव रखा था। प्रधानमंत्री के इस प्रस्ताव का दुनिया भर के देशों ने खुले दिल से स्वागत किया। उन्होंने कहा कि जब यह प्रस्ताव यूएनओ में रखा गया तो पहली ही बार में 170 देशों ने इसका समर्थन किया, जो अपने आप में एक ऐतिहासिक उपलब्धि थी। सीएम सैनी ने कहा कि यह गर्व की बात है कि पूरी दुनिया योग से जुड़ चुकी है। उन्होंने कहा कि यह केवल एक प्रस्ताव नहीं था, बल्कि भारत की सांस्कृतिक शक्ति और उसकी प्राचीन विरासत का वैश्विक सम्मान था। उन्होंने योग को भारत की सनातन परंपरा का अभिन्न हिस्सा बताते हुए कहा कि इसका उल्लेख श्रीमद्भगवद्गीता में भी मिलता है। भगवान श्रीकृष्ण द्वारा बताए गए कर्मयोग, भक्तियोग और ज्ञानयोग जैसे सिद्धांत आज भी मानव जीवन को सही दिशा देने का कार्य कर रहे हैं। योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि जीवन को संतुलित और स्वस्थ बनाने की एक संपूर्ण पद्धति है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के माध्यम से दुनिया ने भारत के ऋषि-मुनियों द्वारा दिए गए अमूल्य ज्ञान और विरासत को सम्मान दिया है। आज विश्व के लगभग सभी देश योग दिवस मना रहे हैं, जो भारत की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक परंपरा की वैश्विक स्वीकार्यता का प्रतीक है। इस अवसर पर बाबा ब्रह्मदास महाराज ने उपस्थित श्रद्धालुओं से कहा कि वे योग को अपनी दैनिक दिनचर्या में शामिल करें। उन्होंने कहा कि योग न केवल हमें स्वस्थ रखता है, बल्कि अनेक गंभीर रोगों से भी मुक्ति दिलाता है। उन्होंने श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि वे अपने बच्चों को योग के साथ-साथ सनातन संस्कृति के बारे में भी बताएं, ताकि युवा संस्कृति से जुड़कर देश के विकास में अपना योगदान दे सकें। डेरे के सेवक सचिव विनोद एडवोकेट ने बताया कि योग शिविर में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए मुख्य धाम बाबा भूमणशाह की ओर से लंगर की व्यवस्था की गई। इस मौके पर हजारों श्रद्धालुओं ने योग शिविर में भाग लिया।
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