सिरसा 1 जुलाई (आरएनएस)। दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान द्वारा 28 जून 2026 को स्थानीय साहुवाला आश्रम, सिरसा में आयोजित विलक्षण योग एवं ध्यान-साधना शिविर के दौरान बोध द्वारा डिजिटल एडिक्शन विषय पर एक प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया गया। यह प्रस्तुति डिजिटल से दूर नहीं, बस माइंडफुल हो जाओ के अंतर्गत आयोजित की गई, जिसका उद्देश्य बच्चों, युवाओं एवं अभिभावकों को डिजिटल उपकरणों के संतुलित एवं जिम्मेदार उपयोग के प्रति जागरूक करना था। नाटक में विद्यार्थियों ने गूगल, फेसबुक, इंस्टाग्राम, व्हाट्सएप एवं अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का प्रतीकात्मक रूप धारण कर यह संदेश दिया कि तकनीक स्वयं समस्या नहीं है, बल्कि उसका अनियंत्रित एवं अत्यधिक उपयोग व्यक्ति के शारीरिक, मानसिक एवं सामाजिक जीवन पर प्रतिकूल प्रभाव डालता है। आकर्षक अभिनय के माध्यम से यह दशार्या गया कि कैसे डिजिटल लत बच्चों की पढ़ाई, पारिवारिक संबंधों, एकाग्रता तथा स्वास्थ्य को प्रभावित कर रही है। इस अवसर पर साध्वी संतोष भारती ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि सोशल मीडिया और आधुनिक तकनीक आज के समय की आवश्यकता हैं, परंतु उनका उपयोग सदुपयोग की भावना से होना चाहिए। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया का प्रयोग ज्ञानवर्धन, सकारात्मक विचारों के प्रसार, शिक्षा, आध्यात्मिक जागरूकता एवं समाज सेवा जैसे रचनात्मक कार्यों के लिए किया जाना चाहिए, न कि समय की अनावश्यक बर्बादी
या मानसिक तनाव का कारण बनने के लिए। उन्होंने सभी से डिजिटल जीवन में अनुशासन एवं संतुलन अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में उपस्थित साधकों एवं आगंतुकों ने नाटक की सराहना करते हुए इसके संदेश को वर्तमान समय की अत्यंत महत्वपूर्ण आवश्यकता बताया। उन्होंने संकल्प लिया कि वे स्वयं भी स्क्रीन टाइम को नियंत्रित करेंगे तथा अपने परिवार एवं बच्चों को भी तकनीक का विवेकपूर्ण एवं संतुलित उपयोग करने के लिए प्रेरित करेंगे। उल्लेखनीय है कि दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान बोध द्वारा संचालित अनप्लगिंग अभियान संस्था के संकल्प अभियान (2025-2029) का एक महत्वपूर्ण सामाजिक जागरूकता अभियान है। इसके अंतर्गत स्कूलों, कॉलेजों एवं विभिन्न सामाजिक मंचों पर कार्यशालाओं, नुक्कड़ नाटकों, रोल-प्ले, क्विज, संवाद एवं अन्य रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से डिजिटल लत के दुष्प्रभावों एवं माइंडफुल डिजिटल लाइफस्टाइल के प्रति जन-जागरूकता विकसित की जा रही है। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित जनों को संदेश दिया गया कि तकनीक को अपने जीवन का साधन बनाइए, स्वामी नहीं। डिजिटल से दूर नहीं, बस माइंडफुल हो जाओ।
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

