श्रीनगर/लेह ,10 जनवरी (आरएनएस)। उत्तर भारत समेत पूरे हिमालयी क्षेत्र में इस वक्त कड़ाके की ठंड और शीत लहर का प्रकोप जारी है। कश्मीर घाटी से लेकर लद्दाख तक, तापमान शून्य से कई डिग्री नीचे लुढ़क जाने के कारण सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो गया है। हालात ये हैं कि लद्दाख का द्रास इलाका देश का सबसे ठंडा स्थान बना हुआ है, जहां खून जमा देने वाली ठंड पड़ रही है। वहीं, श्रीनगर में बीती रात इस सीजन की सबसे सर्द रातों में से एक दर्ज की गई।
जम गईं झीलें और पाइपलाइन, पानी के लिए तरसे लोग
लगातार गिरते पारे का असर कश्मीर घाटी के जल स्रोतों पर साफ दिखाई दे रहा है। भीषण ठंड के कारण कई जल निकाय और छोटी नदियां जमने लगी हैं। श्रीनगर की विश्व प्रसिद्ध डल झील के भीतरी इलाकों में बर्फ की मोटी परत जम गई है, जिसके चलते नाविकों को शिकारा चलाने और स्थानीय लोगों को आवाजाही में भारी मशक्कत करनी पड़ रही है। इसके अलावा, रिहायशी इलाकों में पीने के पानी की आपूर्ति करने वाली पाइपलाइनों के अंदर पानी जम गया है, जिससे लोगों के सामने पेयजल का संकट खड़ा हो गया है। लोग आग जलाकर पाइपों को पिघलाने की कोशिश करते देखे जा रहे हैं।
शोपियां और पुलवामा में जमी बर्फ, श्रीनगर एयरपोर्ट पर -7.2 डिग्री
तापमान के आंकड़ों पर नजर डालें तो कश्मीर घाटी में शोपियां सबसे ठंडा स्थान रहा, जहां न्यूनतम तापमान माइनस 8.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद पुलवामा में माइनस 8.0 डिग्री और पहलगाम में माइनस 7.8 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा। राजधानी श्रीनगर में भी ठंड का सितम जारी है, यहां पारा माइनस 5.7 डिग्री तक गिर गया, जबकि श्रीनगर हवाई अड्डे पर यह और भी कम, माइनस 7.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा, गुलमर्ग में माइनस 6.8 डिग्री, काजीगुंड में माइनस 6.3 डिग्री और कुपवाड़ा में माइनस 6.1 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज होने से पूरी घाटी ठिठुर रही है।
लद्दाख में हड्डियां गलाने वाली ठंड, द्रास में -24.6 डिग्री पारा
लद्दाख क्षेत्र में ठंड ने विकराल रूप धारण कर लिया है। द्रास में तापमान माइनस 24.6 डिग्री सेल्सियस तक लुढ़क गया है, जो देश में सबसे कम है। न्योमा और पदुम भी भीषण ठंड की चपेट में हैं, जहां क्रमश: माइनस 20.3 डिग्री और माइनस 19.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। हनले में पारा माइनस 17.0 डिग्री रहा, जबकि लेह शहर में तापमान माइनस 14.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। कारगिल और नुब्रा घाटी में भी तापमान माइनस 13 डिग्री के आसपास बना हुआ है, जिससे वहां जनजीवन लगभग थम सा गया है।
अभी और गिरेगा पारा, प्रशासन ने दी चेतावनी
मौसम विभाग ने फिलहाल ठंड से राहत की कोई उम्मीद नहीं जताई है। विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में आसमान साफ रहने का अनुमान है, जिससे रात के तापमान में और गिरावट दर्ज की जा सकती है और ठंड का प्रकोप बढ़ सकता है। प्रशासन ने स्थानीय निवासियों और पर्यटकों को कड़ाके की ठंड से बचने के लिए उचित सावधानी बरतने की सलाह दी है। साथ ही रात के समय और सुबह-शाम अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की गई है, क्योंकि सड़कों पर पाला जमने से फिसलन का खतरा बढ़ गया है।
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