कैनबरा 14 jan, : ऑस्ट्रेलिया की अनुभवी महिला क्रिकेटर एलिसा हीली ने क्रिकेट के सभी प्रारूपों से संन्यास लेने की घोषणा कर दी है। इस साल होने वाले महिला टी20 वर्ल्ड कप से पहले उनके इस फैसले ने ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट और प्रशंसकों को चौंका दिया है। हीली ने स्पष्ट किया है कि वह मार्च 2026 के बाद अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह देंगी। 35 वर्षीय विकेटकीपर-बल्लेबाज भारत के खिलाफ अपनी आखिरी अंतरराष्ट्रीय सीरीज खेलेंगी।
हीली ने 12 जनवरी को विलो टॉक पॉडकास्ट के दौरान अपने संन्यास की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि भारत के खिलाफ आने वाली सीरीज ऑस्ट्रेलिया के लिए उनकी अंतिम सीरीज होगी। उन्होंने बताया कि भले ही उनके अंदर अब भी देश के लिए खेलने का जज़्बा है, लेकिन वह प्रतिस्पर्धात्मक भावना अब पहले जैसी महसूस नहीं करतीं, जिसने उन्हें क्रिकेट की ओर आकर्षित किया था। इसी वजह से उन्होंने इस समय को संन्यास के लिए उपयुक्त माना।
साल 2023 में मेग लैनिंग के संन्यास के बाद एलिसा हीली को ऑस्ट्रेलिया की पूर्णकालिक कप्तान नियुक्त किया गया था। वह भारत के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में हिस्सा नहीं लेंगी, ताकि टीम साल के अंत में होने वाले टी20 वर्ल्ड कप की तैयारी शुरू कर सके। हालांकि, वह वनडे सीरीज खेलेंगी और इसके बाद 6 से 9 मार्च के बीच पर्थ में होने वाले डे-नाइट टेस्ट मैच के साथ अपने करियर का समापन करेंगी। यह उनके करियर का 11वां टेस्ट मुकाबला होगा। आगामी महिला टी20 वर्ल्ड कप में ऑस्ट्रेलिया एक नए कप्तान के नेतृत्व में खेलता नजर आएगा।
एलिसा हीली ने फरवरी 2010 में 19 साल की उम्र में ऑस्ट्रेलिया के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था। उन्होंने 123 वनडे मैचों में 3563 से अधिक रन बनाए हैं। वहीं 162 टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में उन्होंने 25.45 की औसत से 3054 रन बनाए, जिसमें नाबाद 148 रन उनका सर्वोच्च स्कोर है। यह फुल मेंबर टीमों में किसी भी खिलाड़ी द्वारा बनाया गया सबसे बड़ा व्यक्तिगत टी20I स्कोर है। वह ऑस्ट्रेलिया की ओर से दूसरी सबसे ज्यादा टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाली महिला खिलाड़ी भी हैं।
अपने शानदार करियर के दौरान हीली ने 2010, 2012, 2014, 2018, 2020 और 2023 में महिला टी20 वर्ल्ड कप और 2013 व 2022 में वनडे वर्ल्ड कप जीतने में अहम भूमिका निभाई। इसके अलावा, उन्हें 2018 और 2019 में ICC की टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर ऑफ द ईयर का खिताब भी मिला।

