कोलकाता/नई दिल्ली 8 मार्च (आरएनएस)। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के पश्चिम बंगाल दौरे के दौरान कथित प्रोटोकॉल उल्लंघन पर केंद्र ने राज्य सरकार से जवाब मांगा है। केंद्र ने राज्य सरकार से रविवार शाम 5 बजे तक वेन्यू और रूट अरेंजमेंट से जुड़े प्रोटोकॉल के संदिग्ध उल्लंघन पर जवाब देने को कहा है लेकिन उक्त खबर के लिखे जाने तक यह पता नहीं चल सका था कि, ममता बनर्जी की सरकार ने उक्त मामले पर क्या रिपोर्ट पेश किया या फिर नहीं। केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन ने पश्चिम बंगाल सरकार से रिपोर्ट मांगी है। सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार, केंद्रीय गृह मंत्रालय ने इस पूरे मामले का बड़े स्तर पर संज्ञान लिया है। इस मामले में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने एंक्स पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल की तृणमूल सरकार ने अराजक व्यवहार करते हुए भारत के राष्ट्रपति का अपमान कर एक नया निचला स्तर छू लिया है। उन्होंने इसे भारत के संवैधानिक लोकतंत्र के मूल्यों पर आघात बताया और कहा कि आज लोकतंत्र में विश्वास रखने वाला हर नागरिक आहत और दुखी महसूस कर रहा है। कार्यक्रम में प्रोटोकॉल की खुली अनदेखी कर राष्ट्रपति पद की गरिमा को ठेस पहुंचाई गई है। शाह ने आरोप लगाया कि ये घटना टीएमसी सरकार में व्याप्त अव्यवस्था और गिरावट को दिखाती है। सरकार न सिर्फ नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों का उल्लंघन करती है, बल्कि राष्ट्रपति जैसे सर्वोच्च संवैधानिक पद का भी सम्मान नहीं करती। खास तौर पर आदिवासी भाई-बहनों के कार्यक्रम में हुआ ये व्यवहार पूरे देश के लिए अपमानजनक है।
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