नईदिल्ली,16 मार्च (आरएनएस)। देशभर के कई राज्यों में खाना पकाने वाली रसोई गैस सिलेंडर के लिए लग रही कतार के बीच पेट्रोलियम मंत्रालय का कहना है कि तरलीकृत पेट्रोलियम गैस (एलपीजी) का थोड़ा संकट है, लेकिन आपूर्ति बाधित नहीं है। सोमवार को मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि एलपीजी की स्थिति अभी भी थोड़ी तंग बनी हुई है, लेकिन घरेलू उपभोक्ताओं को आपूर्ति लगातार मिल रही है, वितरकों के स्तर पर भी भरपूर स्टॉक है।
शर्मा ने बताया कि अब लगभग 90 प्रतिशत एलपीजी बुकिंग ऑनलाइन की जा रही है और ‘डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड’ (डीएसी) का इस्तेमाल बढ़कर 72 प्रतिशत तक पहुंच गया है। उन्होंने बताया कि राज्यों ने जमाखोरी और कालाबाजारी के खिलाफ अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। रविवार को भी वितरकों ने अपनी दुकानें खोली और सिलेंडर घरों तक भेजे। डीएसी मिलने के बाद भी सिलेंडर न पहुंचने की जानकारी अभी नहीं मिली है। इसे देखा जाएगा।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में जहाजरानी मंत्रालय के विशेष सचिव राजेश सिन्हा ने बताया कि फारस की खाड़ी से भारतीय ध्वज लगे एलपीजी के 2 जहाज 13 मार्च को रवाना हो चुके थे, जो 14 मार्च को होर्मुज जलडमरूमध्य का संकरा रास्ता पार कर चुके हैं। उन्होंने बताया कि एक जहाज शिवालिक आज शाम 5 बजे तक मुंद्रा बंदरगाह पहुंच जाएगा, जिसकी सभी जरूरी प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। दूसरा जहाज नंदादेवी मंगलवार को कांडला बंदरगाह पर आएगा।
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