शहडोल 29 अप्रैल (आरएनएस)। इकलौते बेटे की विदाई की रस्मों के दौरान नाचते हुए पिता की अचानक मौत हो गई, जिससे हर कोई दंग रह गया। जिस घर से नई दुल्हन की डोली उठनी थी, वहीं से ससुर की अर्थी भी साथ निकली। घटना जिले के गोहपारु थाना क्षेत्र के ग्राम पहलवा में बुधवार की है।
पहलवा निवासी रीना सिंह का विवाह जयसिंहनगर के ग्राम गजनी निवासी हरीश सिंह के साथ हुआ था। हरीश अपनी 4 बहनों के बीच इकलौता भाई है, जिसकी शादी पिता धरमदास परस्ते (50 वर्ष) ने बड़े ही अरमानों के साथ तय की थी।
मंगलवार रात भर चली शादी की रस्मों के बाद बुधवार सुबह जब विदाई से पहले ‘हल्दी-पानीÓ की रस्म चल रही थी, तब धरमदास बारातियों के साथ नाचते हुए अचानक अचेत होकर गिर पड़े।
बेहोश धरमदास को तुरंत गोहपारु अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौत की खबर जैसे ही घर पहुंची, मंगल गीतों की जगह चीख-पुकार मच गई।
इकलौते भाई हरीश के लिए यह पल सबसे दुखद था, क्योंकि जिस पिता ने उसकी डोली सजाई थी, अब उसे ही कंधा देने की घड़ी आ गई थी।
समाज और परिवार के लोगों ने हिम्मत बंधाई, जिसके बाद पिता के शव को उनके गांव गजनी ले जाया गया। नई नवेली दुल्हन भी अपनी विदाई की रस्म के बाद ससुर के शव के साथ रोते हुए अपने ससुराल पहुंची। इस दृश्य को देखकर दोनों गांवों के लोगों की आंखें भर आईं।
पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। स्थानीय लोग इस घटना के बाद से गहरे शोक में हैं।

