लखनऊ, 15 मई (आरएनएस ) बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने समाजवादी पार्टी के एक प्रमुख राष्ट्रीय प्रवक्ता द्वारा ब्राह्मण समाज को लेकर की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणी पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सपा नेतृत्व पर निशाना साधा है। मायावती ने कहा कि इस बयान को लेकर प्रदेशभर में भारी आक्रोश और तीखी प्रतिक्रिया स्वाभाविक है तथा पुलिस द्वारा मुकदमा दर्ज किए जाने के बावजूद विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है।सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी अपने बयान में मायावती ने कहा कि सपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता की कथित अभद्र, अशोभनीय और आपत्तिजनक बयानबाजी से ब्राह्मण समाज की भावनाओं को ठेस पहुंची है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले पर समाजवादी पार्टी नेतृत्व की खामोशी विवाद को और गंभीर बना रही है तथा स्थिति तनावपूर्ण होती जा रही है।मायावती ने कहा कि सपा प्रवक्ता के गैर-जिम्मेदाराना बयान से ब्राह्मण समाज के आदर-सम्मान और स्वाभिमान को जो ठेस पहुंची है, उसे गंभीरता से लेते हुए सपा मुखिया को तत्काल संज्ञान लेना चाहिए और ब्राह्मण समाज से क्षमा याचना करनी चाहिए। उनका कहना था कि इससे विवाद को शांत करने में मदद मिल सकती है।बसपा प्रमुख ने आगे आरोप लगाया कि इस प्रकरण से लोगों के बीच यह धारणा और मजबूत हुई है कि समाजवादी पार्टी का रवैया दलितों, अति पिछड़ों और मुस्लिम समाज की तरह ब्राह्मण समाज के प्रति भी विरोधी रहा है। उन्होंने कहा कि सपा का “जातिवादी चाल और चरित्र” बदला नहीं है, बल्कि और अधिक गहरा हुआ है।इसके साथ ही मायावती ने वर्तमान सरकार के प्रति भी ब्राह्मण समाज में नाराजगी होने का दावा किया। उन्होंने कहा कि सरकार के रवैये को लेकर समाज के भीतर असंतोष देखा जा रहा है, जो किसी से छिपा नहीं है।अपने बयान में मायावती ने बहुजन समाज पार्टी की कार्यशैली का उल्लेख करते हुए कहा कि बसपा ने सर्वसमाज के साथ ब्राह्मण समाज को भी पार्टी और सरकार में भरपूर सम्मान और उचित भागीदारी दी है। उन्होंने दावा किया कि बसपा में “यूज एंड थ्रो” की राजनीति नहीं होती और सर्वसमाज के हितों को प्राथमिकता दी जाती है।
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

