रामानुजगंज, 20 मई (आरएनएस)। नगर के मां महामाया मंदिर के पास बीती रात एक महिला अपने तीन छोटे बच्चों के साथ रोती-बिलखती हुई मिली। देर रात भूख और प्यास से व्याकुल बच्चे मां के साथ मंदिर परिसर के पास बैठे हुए थे। घटना रात करीब 11 बजे की बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, उस समय अधिकांश लोग अपने घरों में थे। इसी दौरान स्थानीय नागरिक कृष्ण गुप्ता, भरत तिवारी एवं संजय तिवारी की नजर महिला और बच्चों पर पड़ी। तीनों ने मानवता का परिचय देते हुए पहले महिला एवं बच्चों के लिए खाने-पीने की व्यवस्था की, इसके बाद तत्काल पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही मौके पर एएसआई राधेश्याम विश्वकर्मा सहित अन्य पुलिसकर्मी पहुंचे। पुलिस ने महिला और उसके तीनों मासूम बच्चों को समझाइश देकर सुरक्षित उनके घर तक पहुंचाया।
बताया जा रहा है कि महिला का लगभग 15 वर्षीय पुत्र कहीं से एक बोरा आम तोड़कर घर ले आया था। इस बात को लेकर महिला ने आपत्ति जताई थी। महिला का कहना था कि यदि उसका बेटा बिना पूछे इस प्रकार सामान लाएगा तो उसे चोरी की आदत पड़ सकती है। इसी बात को लेकर महिला की अपने भाई एवं भाभी से कहासुनी हो गई। विवाद इतना बढ़ गया कि महिला अपने तीन बच्चों को लेकर घर से निकल गई।
महिला की पहचान रजवंती देवी (40 वर्ष) पति गणेश सोनी के रूप में हुई है। बताया गया कि उसकी शादी काफी अधिक उम्र के व्यक्ति से हुई थी, जो वर्तमान में डाल्टनगंज में रहता है। महिला स्वयं मेहनत-मजदूरी कर अपने बच्चों का पालन-पोषण करती है। वह अपने साथ एक वर्ष के पुत्र एवं तीन वर्ष की पुत्री को लेकर काम पर जाती है।
जानकारी के अनुसार, करीब दो माह पूर्व महिला के एक पुत्र की रिंग रोड में वाहन की टक्कर से मौत हो चुकी है। आर्थिक रूप से बेहद कमजोर महिला किसी तरह अपने परिवार का भरण-पोषण कर रही है।
स्थानीय लोगों ने पुलिस एवं समाजसेवियों द्वारा समय रहते की गई मदद की सराहना की है।
0
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

