दुर्ग 21 मई (आरएनएस) सरकारी नौकरी दिलाने का सपना दिखाकर लाखों रुपये ऐंठने वाले एक शातिर ठग को भिलाई नगर पुलिस ने आखिरकार गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे पहुंचा दिया। बेटे की नौकरी के लिए भरोसा करने वाले परिवार को आरोपी ने करीब दो साल तक झूठे वादों में उलझाए रखा और 7 लाख 50 हजार रुपये हड़प लिए। मामला सामने आने के बाद दुर्ग पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। थाना भिलाई नगर में तालपुरी निवासी राजेन्द्र कुमार बंछोर ने शिकायत दर्ज कराई कि उसके परिचित अमनदीप सोढी ने उसके पुत्र को नौकरी दिलाने का भरोसा दिलाया था। आरोपी ने 10 जुलाई 2022 से लेकर वर्ष 2024 के बीच अलग-अलग किस्तों में कुल 7 लाख 50 हजार रुपये नगद लिए और छह महीने के भीतर नियुक्ति पत्र दिलाने का दावा किया। समय गुजरता गया लेकिन न नौकरी मिली और न ही रकम वापस हुई। लगातार टालमटोल और बहानेबाजी के बाद प्रार्थी को ठगी का एहसास हुआ, जिसके बाद उसने पुलिस का दरवाजा खटखटाया। शिकायत पर थाना भिलाई नगर में अपराध क्रमांक 267/2026 धारा 420 बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। विवेचना के दौरान पुलिस ने दस्तावेजी साक्ष्य और लेनदेन से जुड़े रिकॉर्ड जुटाए, जिसमें आरोपी अमनदीप सोढी, उम्र 36 वर्ष, निवासी बी-1 छत्तीसगढ़ कॉलेज धनोरा के पास जिला दुर्ग द्वारा छलपूर्वक रकम लेने की पुष्टि हुई। पुलिस ने आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। दुर्ग पुलिस ने लोगों से अपील की है कि नौकरी या सरकारी भर्ती के नाम पर रुपये मांगने वालों से सतर्क रहें। फिलहाल, यह मामला उन लोगों के लिए चेतावनी है जो सपनों की नौकरी के नाम पर भरोसे का कारोबार कर रहे हैं।


