कोलकाता,26 मई(आरएनएस)। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने पश्चिम बंगाल के माल्दा जिले में 1 अप्रैल को सात न्यायिक अधिकारियों को बंधक बनाने के मामले में 15 और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस घटना में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) प्रक्रिया के दौरान सात न्यायिक अधिकारियों को बंधक बना लिया गया था। सूत्रों के अनुसार, एनआईए की टीम ने सोमवार रात से मंगलवार सुबह तक माल्दा जिले के विभिन्न इलाकों में बड़े पैमाने पर छापेमारी की। इसी दौरान इन 15 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। बताया गया है कि इन सभी आरोपियों की पहचान 1 अप्रैल की रात मुथाबारी इलाके में लगे सीसीटीवी फुटेज के आधार पर की गई थी, जब एसआईआर प्रक्रिया में शामिल न्यायिक अधिकारियों पर हमला किया गया था और उन्हें बंधक बना लिया गया था।
इन 15 आरोपियों को मंगलवार को कोलकाता स्थित एनआईए की विशेष अदालत में पेश किया जाएगा। इनकी गिरफ्तारी के बाद इस मामले में कुल गिरफ्तारियों की संख्या 65 हो गई है।
गिरफ्तार किए गए आरोपी मालदा के मुथाबारी और कालियाचक क्षेत्रों से पकड़े गए हैं। गौरतलब है कि 1 अप्रैल को एसआईआर प्रक्रिया के दौरान न्यायिक अधिकारी जब मुथाबारी में कार्य कर रहे थे, तभी प्रदर्शनकारियों के एक समूह ने उन्हें घेर लिया था और देर रात तक कालियाचक-2 ब्लॉक कार्यालय में बंधक बनाए रखा था।
इस घटना में सात न्यायिक अधिकारियों को हिरासत में लिया गया था और उनके साथ कथित तौर पर दुर्व्यवहार के आरोप भी लगे थे। आरोप है कि एसआईआर सूची से नाम हटाए जाने से नाराज कुछ लोगों ने यह विरोध प्रदर्शन किया था।
इस मामले की जांच पहले राज्य पुलिस की सीआईडी को सौंपी गई थी लेकिन बाद में सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर इसे एनआईए को ट्रांसफर कर दिया गया था। अब एनआईए ने जांच तेज करते हुए लगातार आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी की कार्रवाई जारी रखी है।
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