सोमवार को ही आरोपी दीपांकर भट्टाचार्य के पास से मिले थे 80 लाख
कोलकाता। पश्चिम बंगाल में टीएमसी के भ्रष्ट नेताओं पर पुलिस का शिकंजा कसता जा रहा है। इस कड़ी में बदुरिया नगर पालिका के चेयरमैन दीपांकर भट्टाचार्य आ गए हैं। उनकी गिरफ्तारी के बाद पार्टी कार्यालय के पास जमीन में गाड़ कर रखे गए 500 रुपये के नोटों से भरे 4 बैग और एक बोरा बरामद हुआ है। इससे पहले उनके पास से 80 लाख रुपये नकद और 4000 सरकारी तिरपाल जब्त किए गए थे।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, होटल से गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में मिले इनपुट के आधार पर बुधवार को तृणमूल कार्यालय के पास स्थित पाट के खेत में अभियान चलाया गया। खुदाई शुरू होते ही जमीन के नीचे दबाकर रखे गए बैग और बोरे बाहर निकाले गए। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि सभी बैगों में 500 रुपये के नोटों की गड्डियां भरी हुई थीं। स्थानीय लोगों के अनुसार, 24 मई की रात दीपंकर भट्टाचार्य के कार्यालय और तृणमूल कार्यालय से वैन के जरिए सरकारी तिरपाल हटाए जाते देखे गए थे। इसकी सूचना पुलिस को दी गई थी। हालांकि पुलिस के पहुंचने से पहले ही आरोपित वहां से फरार हो गए थे। बाद में पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बड़ी मात्रा में जले हुए दस्तावेज भी बरामद किए।
तलाशी अभियान के दौरान एक बागानबाड़ी से करीब चार हजार सरकारी तिरपाल भी जब्त किए गए हैं। इससे पहले सोमवार को होटल से दीपंकर भट्टाचार्य की गिरफ्तारी के समय भी लगभग 80 लाख रुपये नकद बरामद हुए थे। मंगलवार को अदालत ने उन्हें छह दिन की पुलिस हिरासत में भेजा था। स्थानीय निवासी चिन्मय कुलबी ने दावा किया कि खेत से निकली रकम कई करोड़ रुपये तक हो सकती है। अब सवाल उठ रहे हैं कि इतनी बड़ी मात्रा में नकदी कहां से आई। कुछ लोगों का आरोप है कि सरकारी आवास योजना के पैसे का गबन किया गया, जबकि अन्य इसे उगाही का पैसा बता रहे हैं। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। शुरुआती अनुमानों के अनुसार बरामद राशि कई करोड़ रुपये की हो सकती है, हालांकि अधिकारियों ने अभी तक अंतिम आंकड़ा घोषित नहीं किया है। इलाके के निवासियों ने आरोप लगाया कि लोगों को अक्सर नगर निगम के पत्र, नोटिस और स्वीकृतियां प्राप्त करने के लिए पैसे देने के लिए मजबूर किया जाता था। एक निवासी ने दावा किया कि 5,000 से ?15,000 तक की रकम नियमित रूप से वसूली जाती थी और यह भी आरोप लगाया कि इलाके में सोना छिपा हो सकता है। पुलिस चल रही जांच के तहत बरामद सामग्री और आसपास के इलाकों की जांच जारी रखे हुए है। बरामदगी पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा नेता सजल घोष ने अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस पर जूट के खेत में “पैसे के पेड़” उगाने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि बरामदगी कथित भ्रष्टाचार के व्यापक पैमाने को दर्शाती है और कहा कि पार्टी पदों से इस्तीफा देने से इसमें शामिल लोगों को जांच या कानूनी पड़ताल से सुरक्षा नहीं मिलेगी।
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

