लखनऊ,11 जुलाई(आरएनएस)। आम आदमी पार्टी (आप) उत्तर प्रदेश के अयोध्या प्रांत अध्यक्ष विनय पटेल ने अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा कृषि विभाग में निकाली गई कृषि प्राविधिक सहायक भर्ती को लेकर भाजपा सरकार पर आरक्षण में अनियमितता का गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने दावा किया कि 2,759 पदों की भर्ती में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग के अभ्यर्थियों को संवैधानिक प्रावधानों के अनुरूप आरक्षण नहीं दिया गया, जिससे आरक्षित वर्गों के सैकड़ों युवाओं के अधिकार प्रभावित हुए हैं।लखनऊ में आयोजित प्रेस वार्ता में विनय पटेल ने कहा कि 2,759 पदों वाली इस भर्ती में एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग को कुल 1,380 पद मिलने चाहिए थे, लेकिन सरकार ने केवल 792 पद ही आवंटित किए। उनका आरोप है कि इस प्रक्रिया में आरक्षित वर्गों के 588 पद कम कर दिए गए, जिससे पिछड़े और दलित समाज के युवाओं के साथ अन्याय हुआ है।उन्होंने आरोप लगाया कि भर्ती में ओबीसी वर्ग को केवल 20 प्रतिशत और अनुसूचित जाति वर्ग को मात्र 8 प्रतिशत आरक्षण दिया गया, जबकि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) का 10 प्रतिशत आरक्षण यथावत रखा गया। विनय पटेल ने कहा कि इस व्यवस्था के कारण ओबीसी वर्ग को 573, अनुसूचित जाति को 213 तथा अनुसूचित जनजाति को केवल 6 पद मिले। उनके अनुसार यह संविधान की भावना और आरक्षण व्यवस्था के साथ खिलवाड़ है।आप नेता ने कहा कि भाजपा सरकार का यह रवैया नया नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्ष 2021 की 69 हजार शिक्षक भर्ती में भी आरक्षण नियमों का पालन नहीं किया गया था, जिससे हजारों आरक्षित पद प्रभावित हुए। इसके अलावा उन्होंने बांदा कृषि विश्वविद्यालय और लखीमपुर सहकारी बैंक की भर्तियों का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि वहां भी नियुक्तियों में एक विशेष वर्ग को प्राथमिकता दी गई।विनय पटेल ने भाजपा के सहयोगी दलों के नेताओं पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता में शामिल कुछ दलों के नेता अपने समाज के युवाओं के हितों की रक्षा करने में विफल रहे हैं और आरक्षण से जुड़े मुद्दों पर मौन बने हुए हैं। उन्होंने कहा कि जब पिछड़े और दलित समाज के युवाओं के अधिकारों का हनन हो रहा है, तब सहयोगी दलों के नेताओं की चुप्पी कई सवाल खड़े करती है।उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी आरक्षण व्यवस्था से जुड़े इस मुद्दे को लगातार उठाती रहेगी और युवाओं के अधिकारों की लड़ाई लड़ती रहेगी। विनय पटेल ने दावा किया कि आगामी विधानसभा चुनाव में प्रदेश का युवा रोजगार, आरक्षण और शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगेगा तथा लोकतांत्रिक तरीके से अपना निर्णय देगा।प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि प्रदेश के दलित, पिछड़े, आदिवासी और बेरोजगार युवाओं के हितों की रक्षा के लिए आम आदमी पार्टी संघर्ष जारी रखेगी और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता तथा आरक्षण के संवैधानिक प्रावधानों के पालन की मांग करती रहेगी।
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

