बिलासपुर 30 मई (आरएनएस) जिस शख्स ने पुरानी रंजिश को खूनी अंजाम तक पहुंचाने के लिए देसी कट्टा और कारतूस उपलब्ध कराए थे, वह पांच साल तक पुलिस की पकड़ से दूर रहा, लेकिन आखिरकार मोपका चौकी पुलिस ने उसे उड़ीसा से दबोच लिया। हत्या की साजिश से जुड़े इस सनसनीखेज मामले में फरार आरोपी की गिरफ्तारी के साथ पुलिस ने लंबे समय से लंबित एक महत्वपूर्ण कड़ी को जोड़ दिया है।
मामला थाना सरकंडा के अपराध क्रमांक 1371/2021 से जुड़ा है, जिसमें धारा 115, 120बी आईपीसी तथा 25, 27 आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की गई थी। पुलिस के अनुसार 23 अक्टूबर 2021 को तत्कालीन थाना प्रभारी सरकंडा निरीक्षक परिवेश तिवारी अपनी टीम के साथ टाउन पेट्रोलिंग और अपराधियों की तलाश में निकले थे। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि बंगालीपारा गली नंबर-3 के पास कुछ युवक किसी गंभीर वारदात को अंजाम देने की फिराक में हैं। सूचना मिलते ही पुलिस ने घेराबंदी कर कार्रवाई की और सुमेश कश्यप निवासी ग्राम नेवसा थाना रतनपुर को पकड़ा। पूछताछ में उसने खुलासा किया कि वह अपने साथियों रॉकी उर्फ करण कश्यप निवासी गिधौरी और किशन कश्यप निवासी गिधौरी के साथ मिलकर पुरानी रंजिश के चलते मोंटी कश्यप निवासी नेवसा की हत्या की योजना बना रहा था।
जांच में सामने आया कि हत्या के लिए देसी कट्टा और कारतूस उड़ीसा के राजगंगपुर निवासी कुंदन सागर उर्फ कुंदन शा ने उपलब्ध कराए थे। उस समय पुलिस ने सुमेश कश्यप के कब्जे से एक देसी कट्टा और एक कारतूस तथा रॉकी उर्फ करण कश्यप के कब्जे से एक कारतूस बरामद किया था। मामले में तीन आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जा चुका था, लेकिन हथियार उपलब्ध कराने वाला मुख्य साजिशकर्ता कुंदन सागर घटना के बाद से फरार चल रहा था।
लगातार पतासाजी के बाद चौकी मोपका पुलिस ने विशेष टीम गठित कर उड़ीसा के राजगंगपुर स्थित सिंधी मोहल्ला, कपूर बिल्डिंग के पास रहने वाले आरोपी कुंदन सागर उर्फ कुंदन शा पिता लाल बहादुर शा, उम्र 28 वर्ष को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
गौरतलब है कि अपराध की साजिश रचने वाले और हथियार उपलब्ध कराने वाले आरोपी चाहे कितने भी समय तक फरार रहें, कानून की पकड़ से बच पाना आसान नहीं होता।

