आजमगढ़ 09 जून(आर एन एस)उत्तर प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा आगामी 11 जून 2026 को आयोजित होने वाली राज्य स्तरीय बाढ़ मॉक एक्सरसाइज-2026 की तैयारियों के क्रम में मंगलवार को वर्चुअल माध्यम से टेबल टॉप एक्सरसाइज का आयोजन किया गया। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक की अध्यक्षता अपर जिलाधिकारी (वि./रा.) गम्भीर सिंह ने की। कार्यक्रम का शुभारम्भ उत्तर प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, लखनऊ के उपाध्यक्ष योगेन्द्र डिमरी द्वारा किया गया।बैठक में अपर जिलाधिकारी ने बताया कि 11 जून को आयोजित होने वाली मेगा मॉक ड्रिल के माध्यम से बाढ़ आपदा की स्थिति में विभिन्न विभागों की त्वरित प्रतिक्रिया, समन्वय क्षमता, राहत एवं बचाव व्यवस्था तथा पुनर्वास प्रबंधन का परीक्षण किया जाएगा। मॉक एक्सरसाइज के दौरान बाढ़ संबंधी विभिन्न काल्पनिक परिस्थितियों का निर्माण कर विभागों की कार्यकुशलता का आकलन किया जाएगा।उन्होंने बताया कि मॉक ड्रिल के तहत प्रात: 08रू30 बजे तहसील सगड़ी से जिला आपातकालीन संचालन केंद्र (ईओसी) को अतिवृष्टि के कारण घाघरा नदी के जलस्तर में वृद्धि तथा बाढ़ एवं जलभराव की स्थिति उत्पन्न होने की सूचना दी जाएगी। इसके बाद चरणबद्ध रूप से सूचना संप्रेषण, घटना सत्यापन, संसाधनों की तैनाती, राहत एवं बचाव दलों की सक्रियता तथा प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों का पूर्वाभ्यास किया जाएगा।अपर जिलाधिकारी ने बताया कि आपदा की सूचना प्राप्त होते ही जिला प्रशासन, पुलिस, पीएसी, अग्निशमन, स्वास्थ्य, सिंचाई, विद्युत, राजस्व, पंचायती राज एवं अन्य विभागों के अधिकारी निर्धारित स्टेजिंग एरिया पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्यों की कमान संभालेंगे। सभी विभाग अपने-अपने संसाधनों एवं उपकरणों के साथ मौके पर उपस्थित रहेंगे।मॉक ड्रिल के लिए तहसील सगड़ी क्षेत्र के ग्राम गांगेपुर, गांधी नगर, सहबदिया सुल्तानपुर एवं महुला क्षेत्र को चयनित किया गया है। पूर्वाभ्यास के दौरान बाढ़ प्रभावित आबादी को सुरक्षित स्थानों एवं राहत शिविरों तक पहुंचाने, चेतावनी संदेशों का प्रसारण, नावों के माध्यम से फंसे लोगों एवं पशुओं का रेस्क्यू, राहत सामग्री वितरण, चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा पशुओं की देखभाल जैसी गतिविधियों का प्रदर्शन किया जाएगा।उन्होंने बताया कि स्टेजिंग एरिया पंडित नगीना कॉलेज ऑफ फार्मेसी, जोकहरा (सगड़ी) में स्थापित किया जाएगा, जहां सभी संबंधित विभाग अपने-अपने कैम्प लगाकर आपदा प्रबंधन संबंधी तैयारियों का प्रदर्शन करेंगे। वहीं प्राथमिक विद्यालय दाम महुला में राहत शिविर स्थापित कर विस्थापित लोगों के लिए भोजन, पेयजल, चिकित्सा, शौचालय, बिस्तर एवं अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था का पूर्वाभ्यास किया जाएगा। राहत शिविर में मेडिकल कैम्प तथा पशु चिकित्सा शिविर भी संचालित किए जाएंगे।मॉक एक्सरसाइज के दौरान नेहरू युवा केंद्र, स्काउट-गाइड, नागरिक सुरक्षा एवं आपदा मित्रों की टीमें भी सक्रिय रूप से भाग लेंगी। इसके अतिरिक्त जेसीबी मशीन, नावें, अग्निशमन वाहन, पीएसी वाहन, बसें, डीसीएम, पानी के टैंकर, पोर्टेबल शौचालय एवं अन्य आवश्यक संसाधन स्टेजिंग एरिया पर उपलब्ध रहेंगे।अपर जिलाधिकारी ने कहा कि इस मॉक ड्रिल का उद्देश्य आपदा की वास्तविक स्थिति में राहत एवं बचाव कार्यों को अधिक प्रभावी, समन्वित एवं त्वरित बनाना है। उन्होंने सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे निर्धारित समय पर आवश्यक संसाधनों एवं उपकरणों के साथ उपस्थित रहकर मॉक एक्सरसाइज को सफल बनाएं।बैठक में जिला पूर्ति अधिकारी सीमा सिंह, अग्निशमन अधिकारी, होमगार्ड कमांडेंट, जिला सूचना अधिकारी डॉ. पंकज कुमार, डिप्टी सीएमओ, लोक निर्माण विभाग, शिक्षा विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

